अमेरिकी रक्षा सचिव जिम मैटिस ने मंगलवार को कहा कि अप्रैल में एक सऊदी वाणिज्यिक जहाज पर बड़े हमले की तैयारी में यमन के हुतियों द्वारा इस्तेमाल किया जाने वाला एक रॉकेट ईरान ने दिया था. लेकिन हुती अपने इस मकसद में नाकाम साबित हुए थे क्योंकि सऊदी सुरक्षा बलों ने राकेट को रक कर नष्ट कर दिया था.

अल अरेबिया के मुताबिक, “लाल सागर शिपिंग के लिए खतरा बहुत स्पष्ट था जब सऊदी के तेल टैंकर को हुतियों को ईरानी-आपूर्ति मिसाइल से मॉस गिराया था. मैटिस ने मंगलवार को देर से एक प्रेस ब्रीफिंग ने कहा, ” सऊदी द्वारा इस बड़े हमले रोका नहीं जाता तो यह बहुत बड़ा हमला साबित हो सकता था.

अरब नामा को मिली जानकारी के मुताबिक, 2 अप्रैल को, हुती विद्रोहियों ने सऊदी अरब के तेल टैंकर पर हमले के प्रयास का दावा किया था.

अप्रैल के हमले के बाद, अमेरिका ने इस घटना पर चिंता व्यक्त की है और यमन में संघर्ष को बढ़ाने की कोशिश करने के लिए मिलिशिया पर आरोप लगाया है.