दुनिया के अधिकांश देश इन दिनों कोरोना वायरस महामा’री के चलते चौपट हुई अर्थव्यवस्था से जूझ रहे हैं. तमाम देशों में स्थितियों में सुधार की कोशिश धीरे-धीरे चल रही है. इसी कड़ी में खाड़ी देश भी अर्थव्यवस्था को फिर से अपने पांवों पर खड़ी करने में जी जान से जुट गए हैं. इस विषय पर संयुक्त अरब अमीरात के उप-राष्ट्रपति और प्रधान मंत्री और दुबई के शासक शेख मोहम्मद बिन राशिद अल मकतूम ने कहा कि यूएई भी कोरोना से त’बाह हुई अर्थव्यवस्था को फिर से सुधारने के लिए प्रयासरत है. अब यूएई की प्राथमिकता राष्ट्रीय अर्थव्यवस्था में डिजिटल क्षेत्र के योगदान को बढ़ाना और स्मार्ट बुनियादी ढांचे को बढ़ावा देना है. शेख मोहम्मद ने कहा कि यह परिस्थितियों की परवाह किए बिना व्यापार निरंतरता सुनिश्चित करने के लिए यूएई सरकार की डिजिटल तत्परता को बढ़ाएगा.

उन्होंने कहा कि डिजिटल अर्थव्यवस्था नए आर्थिक क्षेत्रों के विकास के लिए एक महत्वपूर्ण उत्प्रेरक है. यह अंतर्राष्ट्रीय क्षेत्र में हमारी प्रतिस्पर्धात्मकता को बढ़ाती है और भविष्य में भी अर्थव्यवस्था को नए मुकाम पर ले जाएगी. उन्होंने डिजिटल अर्थव्यवस्था, एआई और रिमोट वर्किंग मंत्रालय के भविष्य की कार्य योजनाओं पर चर्चा की और बताया कि इससे ना केवल देश डिजिटल वर्ल्ड में दुनिया के साथ कदम से कदम मिलकर चलेगा, बल्कि रोजगार कॆे मौकों में भी नयी बढ़ोतरी होगी. शेख मोहम्मद ने कहा कि 2019 में स्थानीय सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) में डिजिटल अर्थव्यवस्था का योगदान उस समय 4.3 फीसदी तक बढ़ गया. ऐसे में डिजिटल अर्थव्यवस्था को बढ़ावा देना इस वक़्त की प्राथमिकता है.