जेद्दाह – जेद्दाह और बाकी के राज्य में ऑप्टिकल दुकानों यानी चश्मे की दुकानें के स्कोर एक बड़ी चुनौती का सामना कर रहे हैं क्योंकि इस क्षेत्र में अधिकांश बिक्री नौकरियां प्रवासियों से चीन कर सौदियों को दी जाएंगी.

ऑप्टिकल दुकानें उन क्षेत्रों में से हैं जहां 70 प्रतिशत सऊदीकरण अनिवार्य कर दिया गया है. सऊदी में लगभग 6,000 ऑप्टिकल दुकानें हैं और उनमें से अधिकतर पर्चे चश्मा और संपर्क लेंस में सौदा करती हैं. जब सऊदीकरण नियम प्रभावी होता है, तो यह मुख्य रूप से छोटी और मध्यम-स्तरीय दुकानों के लिए चुनौतीपूर्ण होगा जो नियोजित या तीन विक्रेता हैं.

इन दुकानों में से कुछ को अरब और एशियाई प्रवासियों द्वारा तैयार किया जाता है, जिनमें से कई नियमों का उल्लंघन करते हुए तसत्तूर (कवर-अप) व्यवस्था के तहत चल रहे हैं. अब सऊदी सरकार ने घोषणा की है की यहाँ सऊदी नागरिकों को ही काम देने पर जोर दिया जाएगा.

सऊदीकरण नियम के कार्यान्वयन के लिए रन-अप में, इनमें से अधिकतर दुकानें संभावित बंद होने से पहले अपनी सूची को साफ़ करने के लिए रियायती कीमतों पर चश्मा, विशेष रूप से धूप का चश्मा बेच रही हैं.

इन दुकानों में प्रवासी विक्रेता अपने काम की स्थिति के कारण दुविधा में हैं और उनमें से कई राज्य छोड़ने की तैयारी कर रहे हैं जबकि अन्य अपने नियोक्ता के नाम पर उनके द्वारा चलाए जाने वाले दुकानों को बंद करने की योजना बना रहे हैं.

ऑप्टिकल शॉप चेन से जुड़े एक प्रवासी ने कहा, जो मुनाफा हम कमाते हैं वह आकर्षक नहीं रहेगा क्योंकि इसमें से अधिकांश सऊदी सेल्समैन के मजदूरी का भुगतान करने की ओर बढ़ेंगे. उन्होंने कहा कि व्यापार अब छोटे खिलाड़ियों के लिए टिकाऊ नहीं रहेगा. हमारे लिए कई मुश्किलें खाड़ी हो गयीं है.